HBSE Class 12 History इतिहास (हरियाणा बोर्ड) अध्याय 6. भक्ति-सूफी परंपराएँ PYQ Solutions

 अध्याय 6. भक्ति-सूफी परंपराएँ PYQ Solutions


🕉️भक्ति परंपरा

प्रश्न 1: कबीर के गुरु का नाम लिखें। उत्तर: कबीर के गुरु रामानन्द थे।

प्रश्न 2: अलवार, नयनार और वीर शैवों ने किस प्रकार जाति प्रथा की आलोचना प्रस्तुत की? उत्तर: इन संतों ने कहा कि ईश्वर की भक्ति में जाति का कोई महत्व नहीं है। सभी मनुष्य समान हैं।

प्रश्न 3: ‘जोगी’ कौन थे? उत्तर: जोगी वे साधु थे जो योग साधना और तपस्या द्वारा आत्मज्ञान प्राप्त करने का प्रयास करते थे।

प्रश्न 4: मीराबाई की शादी किस परिवार में हुई थी? उत्तर: मीराबाई की शादी मेवाड़ के राजपरिवार में हुई थी।

प्रश्न 5: मीराबाई की जीवनी को अपने शब्दों में लिखिए। उत्तर: मीराबाई कृष्ण भक्त कवयित्री थीं। उनका विवाह मेवाड़ के राजपरिवार में हुआ। वे रैदास की शिष्या थीं और कृष्ण भक्ति में लीन होकर भजन गाती थीं।

प्रश्न 22: कबीर के मुख्य उपदेशों का वर्णन कीजिए। इन उपदेशों का किस तरह संप्रेषण हुआ? उत्तर: कबीर ने ईश्वर की भक्ति, जाति-पाँति का विरोध, गुरु की महत्ता और सत्य पर बल दिया। उनके उपदेश दोहों और भजनों के माध्यम से मौखिक परम्परा में संप्रेषित हुए।

प्रश्न 34: संत कबीर के जीवन और उनके उपदेशों का वर्णन कीजिए। उत्तर: कबीर का जन्म काशी में हुआ। वे रामानन्द के शिष्य थे। उन्होंने जाति-पाँति का विरोध किया और ईश्वर से सीधा सम्बन्ध स्थापित करने पर बल दिया।

प्रश्न 44: विष्णु भक्त संत किस नाम से जाने जाते थे? उत्तर: विष्णु भक्त संत अलवार कहलाते थे।

प्रश्न 49: ‘उलटबाँसी’ किस संत की रचना है? उत्तर: ‘उलटबाँसी’ संत कबीर की रचना है।

☪️ सूफी परंपरा

प्रश्न 4: सूफी संत के निवास स्थान को क्या कहा जाता था? उत्तर: सूफी संतों के निवास स्थान को खानकाह कहा जाता था।

प्रश्न 5: सूफ़ीवाद क्या था? इसका भारत में विकास कैसे हुआ? उत्तर: सूफ़ीवाद इस्लाम का रहस्यवादी मार्ग था। भारत में इसका विकास 12वीं शताब्दी से हुआ, जब चिश्ती, सुहरवर्दी, कादरी आदि सिलसिले यहाँ आए।

प्रश्न 11: सूफीमत के मुख्य धार्मिक विश्वासों और आचारों की व्याख्या कीजिए। उत्तर: सूफीमत में ईश्वर से प्रेम, आत्मा की शुद्धि, मानवता की सेवा, गुरु-शिष्य परम्परा और संगीत द्वारा भक्ति का प्रचार प्रमुख था।

प्रश्न 16: क्यों और किस तरह शासकों ने नयनार और सूफी संतों के परम्पराओं से अपने सम्बन्ध बनाने का प्रयास किया? उत्तर: शासकों ने इन परम्पराओं से सम्बन्ध इसलिए बनाए क्योंकि ये जनसाधारण में लोकप्रिय थे। शासक अपनी वैधता और जनसमर्थन बढ़ाने के लिए दरगाहों, मंदिरों और संतों को संरक्षण देते थे।

प्रश्न 24: ‘सूफी’ शब्द से आपका क्या अभिप्राय है? उत्तर: ‘सूफी’ शब्द का अभिप्राय है – इस्लाम के रहस्यवादी साधक, जो ईश्वर से प्रेम और आत्मा की शुद्धि पर बल देते थे।

प्रश्न 48: शेख मुईनुद्दीन चिश्ती की दरगाह कहाँ स्थित है? उत्तर: शेख मुईनुद्दीन चिश्ती की दरगाह अजमेर (राजस्थान) में स्थित है।

☸️ बौद्ध धर्म

प्रश्न 7: ‘धर्म-चक्र-प्रवर्तन’ से आप क्या समझते हैं? उत्तर: धर्म-चक्र-प्रवर्तन बुद्ध द्वारा सारनाथ में दिया गया प्रथम उपदेश था।

प्रश्न 9: बौद्ध साहित्य की रचना किस भाषा में हुई थी? उत्तर: बौद्ध साहित्य की रचना पाली भाषा में हुई थी।

प्रश्न 21: बौद्ध धर्म की किन्हीं शिक्षाओं का वर्णन कीजिए। उत्तर: बौद्ध धर्म की शिक्षाएँ – चार आर्य सत्य, अष्टांगिक मार्ग, करुणा, अहिंसा और समानता।

प्रश्न 28: बौद्ध धर्म के चार आर्य सत्य कौन-से हैं? उत्तर:

  1. दुःख है।
  2. दुःख का कारण तृष्णा है।
  3. दुःख का निरोध संभव है।
  4. दुःख निरोध का मार्ग अष्टांगिक मार्ग है।

प्रश्न 33: महात्मा बुद्ध के बचपन का नाम क्या था? उत्तर: महात्मा बुद्ध का बचपन का नाम सिद्धार्थ था।

प्रश्न 35: बौद्ध धर्म के पतन के कुछ कारण लिखिए। उत्तर: बौद्ध संघों में भ्रष्टाचार, हिन्दू धर्म का पुनरुत्थान, आक्रमणों से मठों का विनाश और भक्ति आन्दोलन का प्रभाव।

प्रश्न 37: महात्मा बुद्ध का जन्म कहाँ हुआ था? उत्तर: महात्मा बुद्ध का जन्म लुम्बिनी (नेपाल) में हुआ था।

प्रश्न 46: गौतम बुद्ध के प्रिय शिष्य कौन थे? उत्तर: बुद्ध के प्रिय शिष्य आनन्द और उपाली थे।

प्रश्न 52: महात्मा बुद्ध ने अपना पहला उपदेश कहाँ दिया था? उत्तर: महात्मा बुद्ध ने अपना पहला उपदेश सारनाथ में दिया था।

☯️ जैन धर्म

प्रश्न 2: ‘जैन’ शब्द का अर्थ क्या है? उत्तर: ‘जैन’ का अर्थ है – जिनको जीत लिया गया है, अर्थात् वे महापुरुष जिन्होंने अपनी इन्द्रियों और कामनाओं पर विजय प्राप्त की।

प्रश्न 14: महावीर का बचपन में नाम क्या था? उत्तर: महावीर का बचपन का नाम वर्धमान था।

प्रश्न 18: महावीर स्वामी का देहांत कहाँ हुआ था? उत्तर: महावीर स्वामी का देहांत पावापुरी (बिहार) में हुआ था।

प्रश्न 29: जैन धर्म में ‘तीर्थंकर’ का अर्थ क्या था? उत्तर: तीर्थंकर वे महापुरुष थे जिन्होंने मोक्ष प्राप्त किया और दूसरों को भी मोक्ष का मार्ग दिखाया।

प्रश्न 32: जैन धर्म का विभाजन कौन-से दो उप-संप्रदायों में हुआ? उत्तर: जैन धर्म का विभाजन दिगम्बर और श्वेताम्बर संप्रदायों में हुआ।

प्रश्न 38: जैन धर्म के ‘त्रिरत्न’ से आप क्या समझते हैं? उत्तर: जैन धर्म के त्रिरत्न हैं – सम्यक दर्शन, सम्यक ज्ञान और सम्यक चरित्र।

प्रश्न 43: जैन धर्म के प्रथम तीर्थंकर कौन थे? उत्तर: जैन धर्म के प्रथम तीर्थंकर ऋषभदेव थे।

प्रश्न 47: जैन धर्म के अनुसार जन्म और पुनर्जन्म का चक्र किसके द्वारा निर्धारित होता है? उत्तर: जैन धर्म के अनुसार जन्म और पुनर्जन्म का चक्र कर्म द्वारा निर्धारित होता है।

✡️ सिख धर्म

प्रश्न 3: गुरु नानक देव जी की किन्हीं दो रचनाओं का नाम लिखिए। उत्तर: गुरु नानक देव जी की रचनाएँ जपुजी साहिब और सिद्ध गोष्ठी प्रसिद्ध हैं।

प्रश्न 10: आदि ग्रन्थ का संकलन किस गुरु ने किया था? उत्तर: आदि ग्रन्थ का संकलन गुरु अर्जुन देव जी ने किया था।

प्रश्न 19: गुरु नानक देव जी के उत्तराधिकारी कौन थे? उत्तर: गुरु नानक देव जी के उत्तराधिकारी गुरु अंगद देव जी थे।

प्रश्न 26: गुरु नानक देव जी ने अपने उपदेशों का प्रचार किस भाषा में किया था? उत्तर: गुरु नानक देव जी ने अपने उपदेशों का प्रचार पंजाबी और साधु भाषा में किया।

✡️ सिख धर्म

प्रश्न 3: गुरु नानक देव जी की किन्हीं दो रचनाओं का नाम लिखिए। उत्तर: गुरु नानक देव जी की रचनाएँ जपुजी साहिब और सिद्ध गोष्ठी प्रसिद्ध हैं।

प्रश्न 10: आदि ग्रन्थ का संकलन किस गुरु ने किया था? उत्तर: आदि ग्रन्थ का संकलन गुरु अर्जुन देव जी ने किया था।

प्रश्न 19: गुरु नानक देव जी के उत्तराधिकारी कौन थे? उत्तर: गुरु नानक देव जी के उत्तराधिकारी गुरु अंगद देव जी थे।

प्रश्न 26: गुरु नानक देव जी ने अपने उपदेशों का प्रचार किस भाषा में किया था? उत्तर: गुरु नानक देव जी ने अपने उपदेशों का प्रचार पंजाबी और साधु भाषा में किया।

प्रश्न 27: गुरु नानक देव जी के मुख्य उपदेशों का वर्णन कीजिए। इन उपदेशों का किस तरह संप्रेषण हुआ? उत्तर: गुरु नानक देव जी के मुख्य उपदेश थे – ईश्वर एक है, मेहनत करो, नाम जपो और दूसरों के साथ बाँटो। ये उपदेश भजन, कीर्तन और यात्राओं के माध्यम से संप्रेषित हुए।

प्रश्न 39: खालसा पंथ की नींव किसने रखी? इसके पाँच प्रतीक कौन से हैं? उत्तर: खालसा पंथ की नींव गुरु गोविन्द सिंह जी ने रखी। इसके पाँच प्रतीक हैं – केश, कड़ा, कृपाण, कंघा और कच्छा।

प्रश्न 40: मीराबाई के गुरु कौन थे? उत्तर: मीराबाई के गुरु संत रैदास थे।

प्रश्न 41: सिक्खों के प्रथम गुरु कौन थे? उत्तर: सिक्खों के प्रथम गुरु गुरु नानक देव जी थे।

प्रश्न 50: बाबा गुरु नानक का जन्म किस गाँव में हुआ था? उत्तर: बाबा गुरु नानक का जन्म तलवंडी (ननकाना साहिब, पाकिस्तान) गाँव में हुआ था।




1. कबीर के गुरु का नाम लिखें : कबीर के गुरु रामानन्द थे।

2. ‘जैन’ शब्द का अर्थ क्या है ? ‘जैन’ का अर्थ है – जिनको जीत लिया गया है, अर्थात् वे महापुरुष जिन्होंने अपनी इन्द्रियों और कामनाओं पर विजय प्राप्त की।

3. गुरु नानक देव जी की किन्हीं दो रचनाओं का नाम लिखिए। गुरु नानक देव जी की रचनाएँ जपुजी साहिब और सिद्ध गोष्ठी प्रसिद्ध हैं।

4. सूफी संत के निवास स्थान को क्या कहा जाता था ? सूफी संतों के निवास स्थान को खानकाह कहा जाता था।

5. सूफ़ीवाद क्या था ? इसका भारत में विकास कैसे हुआ ? सूफ़ीवाद इस्लाम का रहस्यवादी मार्ग था, जिसमें ईश्वर से प्रेम, भक्ति और आत्मा की शुद्धि पर बल दिया जाता था। भारत में इसका विकास 12वीं शताब्दी से हुआ, जब चिश्ती, सुहरवर्दी, कादरी आदि सिलसिले यहाँ आए और दरगाहों व खानकाहों के माध्यम से लोगों को जोड़ा।

6. हरिषेण कौन था ? हरिषेण गुप्तकालीन सम्राट समुद्रगुप्त का दरबारी कवि और मंत्री था। उसने प्रयाग प्रशस्ति की रचना की।

7. ‘धर्म-चक्र-प्रवर्तन’ से आप क्या समझते हैं ? धर्म-चक्र-प्रवर्तन का अर्थ है – बुद्ध द्वारा सारनाथ में दिया गया प्रथम उपदेश, जिसमें उन्होंने चार आर्य सत्य और अष्टांगिक मार्ग का वर्णन किया।

8. भारत में इस्लाम का आरम्भ कैसे हुआ ? भारत में इस्लाम का आरम्भ 7वीं–8वीं शताब्दी में अरब व्यापारियों और बाद में 712 ई. में मुहम्मद बिन क़ासिम द्वारा सिंध विजय से हुआ।

9. बौद्ध साहित्य की रचना किस भाषा में हुई थी ? बौद्ध साहित्य की रचना पाली भाषा में हुई थी।

10. आदि ग्रन्थ का संकलन किस गुरु ने किया था ? आदि ग्रन्थ का संकलन गुरु अर्जुन देव जी ने किया था।

11. सूफीमत के मुख्य धार्मिक विश्वासों और आचारों की व्याख्या कीजिए। सूफीमत में ईश्वर से प्रेम, आत्मा की शुद्धि, मानवता की सेवा, गुरु-शिष्य परम्परा, संगीत और कव्वाली के माध्यम से भक्ति का प्रचार प्रमुख था।

12. चर्चा कीजिए कि अलवार, नयनार और वीर शैवों ने किस प्रकार जाति प्रथा की आलोचना प्रस्तुत की ? अलवार (विष्णु भक्त), नयनार (शिव भक्त) और वीर शैव संतों ने जाति प्रथा का विरोध किया। उन्होंने कहा कि ईश्वर की भक्ति में जाति का कोई महत्व नहीं है। सभी मनुष्य समान हैं।

13. ‘जोगी’ कौन थे ? जोगी वे साधु थे जो योग साधना और तपस्या द्वारा आत्मज्ञान प्राप्त करने का प्रयास करते थे।

14. महावीर का बचपन में नाम था : महावीर का बचपन का नाम वर्धमान था।

15. मीराबाई की शादी किस परिवार में हुई थी ? मीराबाई की शादी मेवाड़ के राजपरिवार में हुई थी।

16. क्यों और किस तरह शासकों ने नयनार और सूफी संतों के परम्पराओं से अपने सम्बन्ध बनाने का प्रयास किया ? शासकों ने इन परम्पराओं से सम्बन्ध इसलिए बनाए क्योंकि ये जनसाधारण में लोकप्रिय थे। शासक अपनी वैधता और जनसमर्थन बढ़ाने के लिए दरगाहों, मंदिरों और संतों को संरक्षण देते थे।

17. ‘भक्ति आन्दोलन’ क्या था ? इसकी मुख्य शिक्षाओं का वर्णन कीजिए। भक्ति आन्दोलन मध्यकालीन भारत में ईश्वर की भक्ति पर आधारित आंदोलन था। इसकी मुख्य शिक्षाएँ थीं – ईश्वर से सीधा सम्बन्ध, जाति-पाँति का विरोध, गुरु की महत्ता, प्रेम और भक्ति द्वारा मोक्ष।

18. महावीर स्वामी का देहांत कहाँ हुआ था ? महावीर स्वामी का देहांत पावापुरी (बिहार) में हुआ था।

19. गुरु नानक देव जी के उत्तराधिकारी कौन थे ? गुरु नानक देव जी के उत्तराधिकारी गुरु अंगद देव जी थे।

20. मीराबाई की जीवनी को अपने शब्दों में लिखिए।

21. सूफीमत के मुख्य धार्मिक विश्वासों और आचारों की व्याख्या कीजिए। सूफीमत में ईश्वर से प्रेम, आत्मा की शुद्धि, गुरु-शिष्य परम्परा, मानवता की सेवा, संगीत और कव्वाली के माध्यम से भक्ति का प्रचार प्रमुख था।

22. बौद्ध धर्म की किन्हीं शिक्षाओं का वर्णन कीजिए। बौद्ध धर्म की शिक्षाएँ – चार आर्य सत्य, अष्टांगिक मार्ग, मध्यम मार्ग, करुणा, अहिंसा और सभी जीवों के प्रति समानता।

23. कबीर के मुख्य उपदेशों का वर्णन कीजिए। इन उपदेशों का किस तरह संप्रेषण हुआ ? कबीर ने ईश्वर की भक्ति, जाति-पाँति का विरोध, गुरु की महत्ता, सच्चे प्रेम और सत्य पर बल दिया। उनके उपदेश दोहों और भजनों के माध्यम से मौखिक परम्परा में संप्रेषित हुए।

24. इस अध्याय (भक्ति-सूफी परम्पराओं) में निहित सामाजिक व धार्मिक विचारों पर चर्चा कीजिए। इन परम्पराओं में समानता, भाईचारा, जाति-विरोध, ईश्वर से सीधा सम्बन्ध, प्रेम और भक्ति को महत्व दिया गया।

25. ‘सूफी’ शब्द से आपका क्या अभिप्राय है ? ‘सूफी’ शब्द का अभिप्राय है – इस्लाम के रहस्यवादी साधक, जो ईश्वर से प्रेम और आत्मा की शुद्धि पर बल देते थे।

26. इतिवृत्त (क्रोनिकल) क्या थे और ये क्यों लिखे गए ? इतिवृत्त ऐतिहासिक घटनाओं का क्रमबद्ध विवरण होते थे। इन्हें राजाओं के कार्यों और उपलब्धियों को दर्ज करने के लिए लिखा गया।

27. गुरु नानक देव जी ने अपने उपदेशों का प्रचार किस भाषा में किया था ? गुरु नानक देव जी ने अपने उपदेशों का प्रचार पंजाबी और साधु भाषा में किया।

28. गुरु नानक देव जी के मुख्य उपदेशों का वर्णन कीजिए। इन उपदेशों का किस तरह संप्रेषण हुआ ? मुख्य उपदेश – ईश्वर एक है, मेहनत करो, नाम जपो, और दूसरों के साथ बाँटो। ये उपदेश भजन, कीर्तन और यात्राओं के माध्यम से संप्रेषित हुए।

29. चर्चा कीजिए कि अलवार, नयनार और वीर शैवों ने किस तरह जाति प्रथा की आलोचना की ? इन संतों ने कहा कि ईश्वर की भक्ति में जाति का कोई महत्व नहीं है। उन्होंने भक्ति को सभी के लिए समान बताया और जाति-भेद का विरोध किया।

30. बौद्ध धर्म के चार सत्य कौन-से हैं ? चार आर्य सत्य –

  1. दुःख है।

  2. दुःख का कारण तृष्णा है।

  3. दुःख का निरोध संभव है।

  4. दुःख निरोध का मार्ग अष्टांगिक मार्ग है।

31. जैन धर्म में ‘तीर्थंकर’ का अर्थ क्या था ? तीर्थंकर वे महापुरुष थे जिन्होंने मोक्ष प्राप्त किया और दूसरों को भी मोक्ष का मार्ग दिखाया।

32. उदाहरण सहित विश्लेषण कीजिए कि क्यों भक्ति और सूफी संतों ने अपने विचारों को अभिव्यक्त करने के लिए विभिन्न भाषाओं का प्रयोग किया ? भक्ति और सूफी संतों ने स्थानीय भाषाओं का प्रयोग किया ताकि आम जनता आसानी से समझ सके। जैसे – कबीर ने सधुक्कड़ी, तुलसी ने अवधी, नानक ने पंजाबी।

33. किस हद तक उपमहाद्वीप में पाई जाने वाली मस्जिदों का स्थापत्य परिपाटी और सार्वभौमिक आदर्शों का सम्मिश्रण है ? मस्जिदों में स्थानीय स्थापत्य शैली (गुम्बद, मेहराब) और इस्लामी आदर्शों (किबला, मिहराब) का सम्मिश्रण देखा जाता है।

34. जैन धर्म का विभाजन कौन-से दो उप-संप्रदायों में हुआ ? जैन धर्म का विभाजन दिगम्बर और श्वेताम्बर संप्रदायों में हुआ।

35. महात्मा बुद्ध के बचपन का नाम क्या था ? महात्मा बुद्ध का बचपन का नाम सिद्धार्थ था।

36. सूफीमत के मुख्य धार्मिक विश्वासों और आचारों की व्याख्या कीजिए। सूफीमत में ईश्वर से प्रेम, आत्मा की शुद्धि, गुरु की महत्ता, मानवता की सेवा और संगीत द्वारा भक्ति का प्रचार प्रमुख था।

37. महावीर के बचपन का नाम क्या था ? महावीर का बचपन का नाम वर्धमान था।

38. सूफीवाद क्या था ? इसका भारत में विकास कैसे हुआ ? सूफीवाद इस्लाम का रहस्यवादी मार्ग था। भारत में इसका विकास 12वीं शताब्दी में चिश्ती, सुहरवर्दी आदि सिलसिलों के माध्यम से हुआ।

39. संत कबीर के जीवन और उनके उपदेशों का वर्णन कीजिए। कबीर का जन्म काशी में हुआ। वे रामानन्द के शिष्य थे। उन्होंने जाति-पाँति का विरोध किया और ईश्वर से सीधा सम्बन्ध स्थापित करने पर बल दिया। उनके उपदेश दोहों और भजनों में संप्रेषित हुए।

40. बौद्ध साहित्य की रचना किस भाषा में हुई थी ?

बौद्ध साहित्य की रचना पाली भाषा में हुई थी।

41. क्यों और किस तरह शासकों ने नयनार और सूफी संतों की परम्पराओं से अपने सम्बन्ध बनाने का प्रयास किया ? शासकों ने इन परम्पराओं से सम्बन्ध इसलिए बनाए क्योंकि ये जनसाधारण में लोकप्रिय थे। शासक अपनी वैधता और जनसमर्थन बढ़ाने के लिए दरगाहों, मंदिरों और संतों को संरक्षण देते थे।

42. ‘भक्ति आन्दोलन’ क्या था ? इसके मुख्य उपदेशों का वर्णन कीजिए। भक्ति आन्दोलन मध्यकालीन भारत में ईश्वर की भक्ति पर आधारित आंदोलन था। इसकी मुख्य शिक्षाएँ थीं – ईश्वर से सीधा सम्बन्ध, जाति-पाँति का विरोध, गुरु की महत्ता, प्रेम और भक्ति द्वारा मोक्ष।

43. बौद्ध धर्म के पतन के कोई कुछ कारण लिखिए। बौद्ध धर्म के पतन के कारण –

  1. बौद्ध संघों में भ्रष्टाचार।

  2. हिन्दू धर्म का पुनरुत्थान।

  3. आक्रमणों से मठों का विनाश।

  4. भक्ति आन्दोलन का प्रभाव।

44. “भक्ति आन्दोलन” का क्या अभिप्राय है ? भक्ति आन्दोलन का अभिप्राय है – ईश्वर की भक्ति पर आधारित आंदोलन, जिसमें जाति-पाँति का विरोध और प्रेम व भक्ति को महत्व दिया गया।

45. भगवद्गीता किस धार्मिक पुस्तक का अंग है ? भगवद्गीता महाभारत का अंग है।

46. महात्मा बुद्ध का जन्म कहाँ हुआ था ? महात्मा बुद्ध का जन्म लुम्बिनी (नेपाल) में हुआ था।

47. गुरु नानक देव जी के मुख्य उपदेशों का वर्णन कीजिए। इन उपदेशों का किस तरह संप्रेषण हुआ ? मुख्य उपदेश – ईश्वर एक है, मेहनत करो, नाम जपो, और दूसरों के साथ बाँटो। ये उपदेश भजन, कीर्तन और यात्राओं के माध्यम से संप्रेषित हुए।

48. उदाहरणों सहित विश्लेषण कीजिए कि क्यों भक्ति और सूफी संतों ने अपने विचारों को अभिव्यक्त करने के लिए विभिन्न भाषाओं का प्रयोग किया ? भक्ति और सूफी संतों ने स्थानीय भाषाओं का प्रयोग किया ताकि आम जनता आसानी से समझ सके। जैसे – कबीर ने सधुक्कड़ी, तुलसी ने अवधी, नानक ने पंजाबी।

49. जैन धर्म के ‘त्रिरत्न’ से आप क्या समझते हैं ? जैन धर्म के त्रिरत्न हैं – सम्यक दर्शन, सम्यक ज्ञान और सम्यक चरित्र

50. खालसा पंथ की नींव किसने रखी ? इस पंथ के पाँच प्रतीक कौन से हैं ? खालसा पंथ की नींव गुरु गोविन्द सिंह जी ने रखी। इसके पाँच प्रतीक हैं – केश, कड़ा, कृपाण, कंघा और कच्छा।

51. प्राचीन बौद्ध धर्म ग्रन्थ किस भाषा में लिखे गए थे ? प्राचीन बौद्ध धर्म ग्रन्थ पाली भाषा में लिखे गए थे।

52. मीराबाई के गुरु कौन थे ? मीराबाई के गुरु रैदास थे।

53. सिक्खों के प्रथम गुरु कौन थे ? सिक्खों के प्रथम गुरु गुरु नानक देव जी थे।

54. एकलव्य की कथा का सम्बन्ध किस महाकाव्य से है ? एकलव्य की कथा का सम्बन्ध महाभारत से है।

55. जैन धर्म के प्रथम तीर्थंकर कौन थे ? जैन धर्म के प्रथम तीर्थंकर ऋषभदेव थे।

56. विष्णु भक्त संत कहलाते थे : विष्णु भक्त संत अलवार कहलाते थे।

57. ‘पुजी साहिब’ के लेखक कौन थे ? ‘पुजी साहिब’ के लेखक गुरु अर्जुन देव जी थे।

58. गुरु नानक देव जी के मुख्य उपदेशों का वर्णन कीजिए। इन उपदेशों का किस तरह संप्रेषण हुआ ? मुख्य उपदेश – ईश्वर एक है, मेहनत करो, नाम जपो, और दूसरों के साथ बाँटो। ये उपदेश भजन, कीर्तन और यात्राओं के माध्यम से संप्रेषित हुए।

59. उदाहरणों सहित विश्लेषण कीजिए कि क्यों भक्ति और सूफी संतों ने अपने विचारों को अभिव्यक्त करने के लिए विभिन्न भाषाओं का प्रयोग किया ? भक्ति और सूफी संतों ने स्थानीय भाषाओं का प्रयोग किया ताकि आम जनता आसानी से समझ सके। जैसे – कबीर ने सधुक्कड़ी, तुलसी ने अवधी, नानक ने पंजाबी।

60. जैन धर्म के ‘त्रिरत्न’ से आप क्या समझते हैं ? जैन धर्म के त्रिरत्न हैं – सम्यक दर्शन, सम्यक ज्ञान और सम्यक चरित्र

61. गौतम बुद्ध के बचपन का नाम था। गौतम बुद्ध का बचपन का नाम सिद्धार्थ था।

62. बौद्ध ग्रन्थों के अनुसार बुद्ध के प्रिय शिष्य थे। बुद्ध के प्रिय शिष्य आनन्द और उपाली थे।

63. जैन धर्म के अनुसार जन्म और पुनर्जन्म का चक्र किसके द्वारा निर्धारित होता है ? जैन धर्म के अनुसार जन्म और पुनर्जन्म का चक्र कर्म द्वारा निर्धारित होता है।

64. शेख मुईनुद्दीन चिश्ती की दरगाह कहाँ स्थित है ? शेख मुईनुद्दीन चिश्ती की दरगाह अजमेर (राजस्थान) में स्थित है।

65. उलटबाँसी संत .......... की रचना है। ‘उलटबाँसी’ संत कबीर की रचना है।

66. बाबा गुरु नानक का जन्म किस गाँव में हुआ था ? बाबा गुरु नानक का जन्म तलवंडी (ननकाना साहिब, पाकिस्तान) गाँव में हुआ था।

67. खालसा पंथ की स्थापना किसने की थी ? खालसा पंथ की स्थापना गुरु गोविन्द सिंह जी ने की थी।

68. उदाहरणों सहित विश्लेषण कीजिए कि क्यों भक्ति और सूफी संतों ने अपने विचारों को अभिव्यक्त करने के लिए विभिन्न भाषाओं का प्रयोग किया ? भक्ति और सूफी संतों ने स्थानीय भाषाओं का प्रयोग किया ताकि आम जनता आसानी से समझ सके। जैसे – कबीर ने सधुक्कड़ी, तुलसी ने अवधी, नानक ने पंजाबी।

69. गुरु नानक देव जी के मुख्य उपदेशों का वर्णन कीजिए। इन उपदेशों का किस तरह संप्रेषण हुआ ? मुख्य उपदेश – ईश्वर एक है, मेहनत करो, नाम जपो, और दूसरों के साथ बाँटो। ये उपदेश भजन, कीर्तन और यात्राओं के माध्यम से संप्रेषित हुए।

70. What do you understand by the "Three-Jewels" of Jainism? The "Three Jewels" of Jainism are – Right Faith, Right Knowledge, and Right Conduct.

71. खालसा पंथ की नींव किसने रखी ? इस पंथ के पाँच प्रतीक कौन से हैं ? खालसा पंथ की नींव गुरु गोविन्द सिंह जी ने रखी। इसके पाँच प्रतीक हैं – केश, कड़ा, कृपाण, कंघा और कच्छा।

72. (प्रश्न अधूरा है, उत्तर नहीं दिया जा सकता।)

73. किस हद तक उपमहाद्वीप में पाई जाने वाली मस्जिदों का स्थापत्य परिपाटी और सार्वभौमिक आदर्शों का सम्मिश्रण है ? मस्जिदों में स्थानीय स्थापत्य शैली (गुम्बद, मेहराब) और इस्लामी आदर्शों (किबला, मिहराब) का सम्मिश्रण देखा जाता है।

74. ‘Shia and Sunni’ were the sects of ? Shia and Sunni were the sects of Islam.

75. रामानन्द संत ............... के गुरु थे। रामानन्द संत कबीर के गुरु थे।

76. आदिग्रन्थ का संकलन किसने किया ? आदिग्रन्थ का संकलन गुरु अर्जुन देव जी ने किया।

77. जैन धर्म में ‘तीर्थंकर’ का अर्थ क्या ? तीर्थंकर वे महापुरुष थे जिन्होंने मोक्ष प्राप्त किया और दूसरों को भी मोक्ष का मार्ग दिखाया।

78. महात्मा बुद्ध ने अपना पहला उपदेश कहाँ दिया था ? महात्मा बुद्ध ने अपना पहला उपदेश सारनाथ में दिया था।

79. प्राचीनतम बौद्ध ग्रन्थ किस भाषा में लिखे गये ? प्राचीनतम बौद्ध ग्रन्थ पाली भाषा में लिखे गये।

80. मीराबाई के गुरु कौन थे ? मीराबाई के गुरु संत रैदास थे।

81. ‘कुरान-शरीफ’ धर्म से सम्बन्धित है ? ‘कुरान-शरीफ’ इस्लाम धर्म से सम्बन्धित है।

82. निजामुद्दीन औलिया की दरगाह कहाँ स्थित है ? निजामुद्दीन औलिया की दरगाह दिल्ली में स्थित है।

83. तमिलनाडु में शिव भक्तों को क्या कहा जाता था ? तमिलनाडु में शिव भक्तों को नयनार कहा जाता था।

84. “दि ग्रन्थ” का संकलन किसने किया था ? “दि ग्रन्थ” (आदि ग्रन्थ) का संकलन गुरु अर्जुन देव जी ने किया था।

85. सूफी संतों के निवास स्थान को क्या कहा जाता था ? सूफी संतों के निवास स्थान को खानकाह कहा जाता था।

86. गुरु नानक देव जी का जन्म किस ई० में हुआ था ? गुरु नानक देव जी का जन्म 1469 ई० में हुआ था।

87. खालसा पंथ की स्थापना किसने की थी ? खालसा पंथ की स्थापना गुरु गोविन्द सिंह जी ने की थी।

88. गुरु नानक देव जी के मुख्य उपदेशों का वर्णन कीजिए। इन उपदेशों का किस तरह संप्रेषण हुआ ? मुख्य उपदेश – ईश्वर एक है, मेहनत करो, नाम जपो, और दूसरों के साथ बाँटो। ये उपदेश भजन, कीर्तन और यात्राओं के माध्यम से संप्रेषित हुए।

89. उदाहरणों सहित विश्लेषण कीजिए कि क्यों भक्ति और सूफी संतों ने अपने विचारों को अभिव्यक्त करने के लिए विभिन्न भाषाओं का प्रयोग किया ? भक्ति और सूफी संतों ने स्थानीय भाषाओं का प्रयोग किया ताकि आम जनता आसानी से समझ सके। जैसे – कबीर ने सधुक्कड़ी, तुलसी ने अवधी, नानक ने पंजाबी।

90. जैन धर्म के ‘त्रिरत्न’ से आप क्या समझते हैं ? जैन धर्म के त्रिरत्न हैं – सम्यक दर्शन, सम्यक ज्ञान और सम्यक चरित्र

91. गुरु नानक देव जी के मुख्य उपदेशों का वर्णन कीजिए। इन उपदेशों का किस तरह संप्रेषण हुआ ? मुख्य उपदेश – ईश्वर एक है, मेहनत करो, नाम जपो, और दूसरों के साथ बाँटो। ये उपदेश भजन, कीर्तन और यात्राओं के माध्यम से संप्रेषित हुए।

92. उदाहरणों सहित विश्लेषण कीजिए कि क्यों भक्ति और सूफी संतों ने अपने विचारों को अभिव्यक्त करने के लिए विभिन्न भाषाओं का प्रयोग किया ? भक्ति और सूफी संतों ने स्थानीय भाषाओं का प्रयोग किया ताकि आम जनता आसानी से समझ सके। जैसे – कबीर ने सधुक्कड़ी, तुलसी ने अवधी, नानक ने पंजाबी।

93. उदाहरणों सहित विश्लेषण कीजिए कि क्यों भक्ति और सूफी संतों ने अपने विचारों को अभिव्यक्त करने के लिए विभिन्न भाषाओं का प्रयोग किया ? भक्ति और सूफी संतों ने स्थानीय भाषाओं का प्रयोग किया ताकि आम जनता आसानी से समझ सके। जैसे – कबीर ने सधुक्कड़ी, तुलसी ने अवधी, नानक ने पंजाबी।

94. गुरु नानक देव जी के मुख्य उपदेशों का वर्णन कीजिए। इन उपदेशों का किस तरह संप्रेषण हुआ ? मुख्य उपदेश – ईश्वर एक है, मेहनत करो, नाम जपो, और दूसरों के साथ बाँटो। ये उपदेश भजन, कीर्तन और यात्राओं के माध्यम से संप्रेषित हुए।

95. किस ई० में मुहम्मद बिन कासिम ने ‘सिंध’ विजय किया था ? मुहम्मद बिन कासिम ने 712 ई० में सिंध विजय किया था।

96. जैन धर्म के अनुसार जन्म और पुनर्जन्म का चक्र किसके द्वारा निर्धारित होता है ? जैन धर्म के अनुसार जन्म और पुनर्जन्म का चक्र कर्म द्वारा निर्धारित होता है।

97. उलटबाँसी संत .......... की रचना है। ‘उलटबाँसी’ संत कबीर की रचना है।

98. जैन धर्म में मोक्ष प्राप्ति का साधन क्या है ? जैन धर्म में मोक्ष प्राप्ति का साधन है – सम्यक दर्शन, सम्यक ज्ञान और सम्यक चरित्र का पालन।

99. रामानन्द संत .......... के गुरु थे। रामानन्द संत कबीर के गुरु थे।

100.‘शिया और सुन्नी’ किसके संप्रदाय थे? शिया और सुन्नी इस्लाम के संप्रदाय थे।

101. मीराबाई की जीवनी एवं उपदेशों का वर्णन कीजिए। मीराबाई मेवाड़ की राजकुमारी थीं। वे कृष्णभक्ति में लीन होकर भजन गाती थीं। उन्होंने सामाजिक बंधनों की परवाह नहीं की और अपना जीवन कृष्ण की भक्ति में समर्पित कर दिया। उनके उपदेशों में प्रेम, भक्ति और ईश्वर के प्रति समर्पण प्रमुख था।

102. सिक्ख धर्म की मुख्य शिक्षाओं का वर्णन कीजिए। सिख धर्म की मुख्य शिक्षाएँ – ईश्वर एक है, नाम जपो, मेहनत करो, दूसरों के साथ बाँटो, जाति-पाँति का विरोध, और गुरु की महत्ता।

103. जैन परम्परा में पाँच महाव्रत क्या हैं ? जैन परम्परा के पाँच महाव्रत हैं –

  1. अहिंसा
  2. सत्य
  3. अस्तेय (चोरी करना)
  4. ब्रह्मचर्य
  5. अपरिग्रह (संपत्ति का त्याग)

104. “भक्ति आंदोलन” से आपका क्या अभिप्राय है ? इसके उदय के कोई दो कारण लिखिए। भक्ति आंदोलन का अभिप्राय है – ईश्वर की भक्ति पर आधारित आंदोलन। इसके उदय के कारण –

  1. जाति-पाँति और कर्मकांड का विरोध।
  2. सरल भक्ति मार्ग की लोकप्रियता।

105. बोधिसत्व से आप क्या समझते हैं ? बोधिसत्व वह व्यक्ति है जिसने ज्ञान प्राप्त कर लिया है लेकिन दूसरों को मोक्ष दिलाने के लिए संसार में रहता है।

106. गुरु गोविन्द सिंह जी ने किस पंथ की स्थापना की थी ? गुरु गोविन्द सिंह जी ने खालसा पंथ की स्थापना की थी।

107. “भक्ति आन्दोलन” की मुख्य विशेषताओं की विवेचना कीजिए। मुख्य विशेषताएँ –

  1. ईश्वर से सीधा सम्बन्ध।
  2. जाति-पाँति का विरोध।
  3. गुरु की महत्ता।
  4. प्रेम और भक्ति द्वारा मोक्ष।
  5. स्थानीय भाषाओं में उपदेश।

108. सूफी मत के मुख्य धार्मिक विश्वासों और आचारों की व्याख्या कीजिए। सूफी मत में ईश्वर से प्रेम, आत्मा की शुद्धि, गुरु-शिष्य परम्परा, मानवता की सेवा और संगीत द्वारा भक्ति का प्रचार प्रमुख था।

109. साँची के स्तूप के संरक्षण में किसका योगदान था ? साँची के स्तूप के संरक्षण में सुल्तानजहाँ बेगम का योगदान था।

110. साँची स्तूप के संरक्षण में सुल्तानजहाँ बेगम का क्या योगदान था? सुल्तानजहाँ बेगम ने अपने शासनकाल में मरम्मत कार्यों का समर्थन करके और स्मारक की रक्षा करके साँची स्तूप के संरक्षण में योगदान दिया।

111. (प्रश्न 110 का ही विस्तार है, उत्तर ऊपर दिया गया है।)

112. महात्मा बुद्ध को ज्ञान की प्राप्ति कहाँ हुई थी ? महात्मा बुद्ध को ज्ञान की प्राप्ति बोधगया में हुई थी।

113. (प्रश्न अधूरा है, उत्तर नहीं दिया जा सकता।)

114. इस्लाम की पवित्र पुस्तक कौन-सी है ? इस्लाम की पवित्र पुस्तक कुरान है।

115. क्यों और किस तरह शासकों ने नयनार और सूफी संतों की परम्पराओं से अपने सम्बन्ध बनाने का प्रयास किया ? शासकों ने इन परम्पराओं से सम्बन्ध इसलिए बनाए क्योंकि ये जनसाधारण में लोकप्रिय थे। शासक अपनी वैधता और जनसमर्थन बढ़ाने के लिए दरगाहों, मंदिरों और संतों को संरक्षण देते थे।

116. (प्रश्न 115 का ही विस्तार है, उत्तर ऊपर दिया गया है।)

117. संत कबीर की जीवनी एवं शिक्षाओं पर प्रकाश डालिए। कबीर का जन्म काशी में हुआ। वे रामानन्द के शिष्य थे। उन्होंने जाति-पाँति का विरोध किया और ईश्वर से सीधा सम्बन्ध स्थापित करने पर बल दिया। उनके उपदेश दोहों और भजनों में संप्रेषित हुए।

118. (प्रश्न अधूरा है, उत्तर नहीं दिया जा सकता।)

119. बौद्ध धर्म के पतन के कोई तीन कारण लिखिए।

  1. बौद्ध संघों में भ्रष्टाचार।

  2. हिन्दू धर्म का पुनरुत्थान।

  3. आक्रमणों से मठों का विनाश।

120. बे-शरिया और बा-शरिया के बीच एकरूपता और अन्तर को स्पष्ट कीजिए।

  • बे-शरिया सूफी परम्परा में नियम-कायदों का पालन कम था, वे ईश्वर से प्रेम और भक्ति पर बल देते थे।

  • बा-शरिया सूफी परम्परा में इस्लामी कानून (शरिया) का पालन किया जाता था। दोनों में समानता यह थी कि दोनों ईश्वर से प्रेम और आत्मा की शुद्धि पर बल देते थे।

121. वेदों की भाषा क्या है ? वेदों की भाषा संस्कृत है।

122. ‘महाभारत’ का रचनाकार किसे माना जाता है ? ‘महाभारत’ का रचनाकार महर्षि वेदव्यास को माना जाता है।

123. मीराबाई के गुरु कौन थे ? मीराबाई के गुरु संत रैदास थे।

124. चिश्ती खानकाह की कार्यप्रणाली पर प्रकाश डालिए। चिश्ती खानकाह में सूफी संत रहते थे। यहाँ गरीबों को भोजन, आश्रय और शिक्षा दी जाती थी। यह स्थान आध्यात्मिक साधना और जनसेवा का केंद्र था।

125. संत कबीर कौन थे ? भक्ति परम्परा में उनका क्या महत्त्व है ? संत कबीर मध्यकालीन संत थे। वे रामानन्द के शिष्य थे। उन्होंने जाति-पाँति का विरोध किया और ईश्वर से सीधा सम्बन्ध स्थापित करने पर बल दिया। भक्ति परम्परा में उनका महत्त्व इसलिए है क्योंकि उन्होंने सरल भाषा में दोहों द्वारा भक्ति का प्रचार किया।

126. स्तूप क्यों और कैसे बनाये जाते थे ? वर्णन कीजिए। स्तूप बुद्ध और उनके अनुयायियों की स्मृति में बनाए जाते थे। इनमें अवशेष रखे जाते थे। ये गोलाकार संरचनाएँ होती थीं जिन पर तोरण और परिक्रमा पथ होता था।

127. जैन धर्म का विभाजन कौन-से दो उपसम्प्रदायों में हुआ ? जैन धर्म का विभाजन दिगम्बर और श्वेताम्बर सम्प्रदायों में हुआ।

128. ‘खानकाह’ और ‘दरगाह’ में कोई एक अन्तर लिखिए। खानकाह सूफी संतों का निवास स्थान था, जबकि दरगाह सूफी संतों की समाधि का स्थान होता है।

129. महाभारत का युद्ध किस स्थान पर हुआ था ? महाभारत का युद्ध कुरुक्षेत्र में हुआ था।

130. कहाँ भगवान बुद्ध ने सच्चा ज्ञान प्राप्त किया ? भगवान बुद्ध ने सच्चा ज्ञान बोधगया में प्राप्त किया।

131. कबीर के गुरु कौन थे ? कबीर के गुरु रामानन्द थे।

132. पंच अणुव्रत का सम्बन्ध किस धर्म से है ? पंच अणुव्रत का सम्बन्ध जैन धर्म से है।

133. गुरु नानक देव जी की शिक्षाओं की व्याख्या कीजिए। क्या वे कोई नया धर्म स्थापित करना चाहते थे ? गुरु नानक देव जी ने ईश्वर की एकता, नाम जपना, मेहनत करना और बाँटना सिखाया। वे नया धर्म स्थापित नहीं करना चाहते थे, बल्कि मानवता और भक्ति का मार्ग दिखाना चाहते थे।

134. क्यों और किस तरह शासकों ने नयनार और सूफी संतों से अपने सम्बन्ध बनाने का प्रयास किया ? शासकों ने इन परम्पराओं से सम्बन्ध इसलिए बनाए क्योंकि ये जनसाधारण में लोकप्रिय थे। शासक अपनी वैधता और जनसमर्थन बढ़ाने के लिए दरगाहों, मंदिरों और संतों को संरक्षण देते थे।

135. वह स्थान जहाँ पर महात्मा बुद्ध को सच्चा ज्ञान प्राप्त हुआ। महात्मा बुद्ध को सच्चा ज्ञान बोधगया में प्राप्त हुआ।

136. कहाँ भगवान बुद्ध ने सच्चा ज्ञान प्राप्त किया ? भगवान बुद्ध ने सच्चा ज्ञान बोधगया में प्राप्त किया।

137. To which religion is ‘Tripitaka’ related ? ‘Tripitaka’ is related to Buddhism.

138. In which language was ‘Mahabharata’ originally written ? ‘Mahabharata’ was originally written in Sanskrit.

139. निज़ामुद्दीन औलिया का सम्बन्ध किस सूफी सिलसिले से था ? निज़ामुद्दीन औलिया का सम्बन्ध चिश्ती सिलसिले से था।

140. बे-शरिया और बा-शरिया सूफी परम्पराओं के बीच समानता और अन्तर को स्पष्ट कीजिए।

  • बे-शरिया सूफी परम्परा में नियम-कायदों का पालन कम था, वे ईश्वर से प्रेम और भक्ति पर बल देते थे।

  • बा-शरिया सूफी परम्परा में इस्लामी कानून (शरिया) का पालन किया जाता था। दोनों में समानता यह थी कि दोनों ईश्वर से प्रेम और आत्मा की शुद्धि पर बल देते थे।

141. अलवार, नयनार और वीरशैव कौन थे ? चर्चा कीजिए कि उन्होंने किस प्रकार जाति प्रथा की आलोचना की ?

  • अलवार विष्णु भक्त संत थे।

  • नयनार शिव भक्त संत थे।

  • वीरशैव शिव के उपासक थे। इन सभी ने जाति प्रथा का विरोध किया और कहा कि ईश्वर की भक्ति में जाति का कोई महत्व नहीं है। उन्होंने समानता और भाईचारे का संदेश दिया।

142. उदाहरण सहित विश्लेषण कीजिए कि क्यों भक्ति और सूफी चिंतकों ने अपने विचारों को अभिव्यक्त करने के लिए विभिन्न भाषाओं का प्रयोग किया ? भक्ति और सूफी संतों ने स्थानीय भाषाओं का प्रयोग किया ताकि आम जनता आसानी से समझ सके।

  • कबीर ने सधुक्कड़ी भाषा का प्रयोग किया।

  • तुलसीदास ने अवधी में रामचरितमानस लिखा।

  • गुरु नानक ने पंजाबी में उपदेश दिए। इससे उनके विचार जनसाधारण तक पहुँचे।

143. उदाहरण सहित विश्लेषण कीजिए कि क्यों भक्ति और सूफी चिंतकों ने अपने विचारों को अभिव्यक्त करने के लिए विभिन्न भाषाओं का प्रयोग किया ? भक्ति और सूफी संतों ने जनभाषाओं का प्रयोग किया ताकि उनके उपदेश सीधे लोगों तक पहुँचें। उदाहरण – कबीर के दोहे सधुक्कड़ी में, मीराबाई के पद राजस्थानी/ब्रजभाषा में, नानक के भजन पंजाबी में।

144. उदाहरण सहित विश्लेषण कीजिए कि क्यों भक्ति और सूफी चिंतकों ने अपने विचारों को अभिव्यक्त करने के लिए विभिन्न भाषाओं का प्रयोग किया ? भक्ति और सूफी संतों ने संस्कृत जैसी कठिन भाषा के बजाय जनभाषाओं का प्रयोग किया। उदाहरण – तुलसीदास ने अवधी, सूरदास ने ब्रजभाषा, कबीर ने सधुक्कड़ी, नानक ने पंजाबी।

145. वह स्थान जहाँ पर गौतम बुद्ध ने अपना प्रथम उपदेश दिया। गौतम बुद्ध ने अपना प्रथम उपदेश सारनाथ में दिया।

146. वह स्थान जहाँ ख्वाजा मोईनुद्दीन चिश्ती की दरगाह स्थित है। ख्वाजा मोईनुद्दीन चिश्ती की दरगाह अजमेर (राजस्थान) में स्थित है।



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